HomeगोरखपुरGorakhpur news- गोरखपुर में बोले सीएम योगी: धार्मिक पर्यटन स्थल, आस्था के...

Gorakhpur news- गोरखपुर में बोले सीएम योगी: धार्मिक पर्यटन स्थल, आस्था के साथ रोजगार का भी बड़ा जरिया

विस्तार

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि प्रदेश सरकार धार्मिक आस्था के सम्मान के साथ धार्मिक पर्यटन स्थलों को रोजगार का बड़ा माध्यम बनाने की दिशा में भी तेजी से कार्य कर रही है। कभी बीमारू समझा जाने वाला उत्तर प्रदेश, वास्तव में अपार संभावनाओं वाला प्रदेश है। इन संभावनाओं में पर्यटन भी एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है। उन्होंने कहा कि चार सालों में ईमानदारी से किए गए प्रयासों से हमने यह प्रमाणित किया है कि उत्तर प्रदेश  में देश का समृद्ध राज्य बनने की पूरी ताकत है।

मुख्यमंत्री, शनिवार को गोरखपुर के एनेक्सी भवन से प्रदेश के 373 विधानसभा क्षेत्रों के लिए 180 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास करने के बाद यहां आयोजित समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत हर विधानसभा क्षेत्र में वहां के विधायक द्वारा प्रस्तावित ग्रामीण, धार्मिक  व हेरिटेज पर्यटन स्थल के  सुंदरीकरण व बुनियादी सुविधाओं के विकास का काम कराया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यटन, रोजगार और प्रति व्यक्ति आय बढ़ाने का बड़ा माध्यम बन रहा है। उत्तर प्रदेश राम, सर्किट, कृष्ण सर्किट, बौद्ध सर्किट, आध्यात्मिक सर्किट का प्रमुख केंद्र है। धार्मिक पर्यटन के साथ ही यहां इको टूरिज्म का केंद्र बनने की असीम संभावनाएं हैं। यही वजह  है कि पर्यटन के माध्यम से रोजी रोजगार बढ़ाने की दिशा में सरकार संकल्पित भाव से प्रयासरत है।

उन्होंने प्रयागराज कुंभ का जिक्र करते हुए कहा कि हमने संकल्प लिया था कि इसे विश्व का यूनिक इवेंट बनाएंगे और छोटे से प्रयास से 24 करोड़ श्रद्धालु प्रयागराज कुंभ के भागीदार बने। इससे वहां के दुकानदारों की बिक्री 15 गुना तक बढ़ गई। 10 से 15 हजार रुपये कमाने वालों की कमाई लाखों में हुई।  तमाम लोगों को रोजगार मिला।

पीएम के मार्गदर्शन में विश्व पटल पर स्थापित हो रही काशी की ख्याति

पर्यटन विकास के क्षेत्र में सरकार के प्रयासों की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने काशी विश्वनाथ मंदिर का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में बाबा विश्वनाथ मंदिर कॉरीडोर के जरिए काशी, दुनिया में सबसे बड़े सांस्कृतिक आयोजनों का केंद्र बनने जा रहा है। कहा कि 1916 में बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के उद्घाटन के समय महात्मा गांधी आए थे और काशी की संकरी गलियों और गंदगी देख खिन्न मन से टिप्पणी की थी।

बापू ने 100 वर्ष पहले टिप्पणी की थी लेकिन आज पीएम मोदी के मार्गदर्शन में काशी की ख्याति वैश्विक पटल पर स्थापित हो रही है। पर्यटन विकास के साथ ही वहां रोजगार की संभावनाएं भी बढ़ रही हैं। सीएम ने कहा कि हमने वहां फैसिलिटेशन सेंटर बनवाया है। इससे पर्यटकों को तो सहायता मिल ही रही है, रोजगार की दिशा में भी संभावनाएं बढ़ी हैं। इस सेंटर से काशी विश्वनाथ मंदिर ट्रस्ट ने सालाना एक करोड़ रुपये की अतिरिक्त आय बढ़ाई है।

 

मगहर में संत कबीर शोध पीठ की स्थापना

सीएम योगी ने कहा कि बीएचयू में वैदिक शोधपीठ के साथ ही संतकबीरनगर के मगहर में संत कबीर शोधपीठ की स्थापना हो रही है। गोरखपुर में जटाशंकर व मोहद्दीपुर के गुरुद्वारा, कालीबाड़ी मंदिर आदि परंपरा के साथ जुड़े स्थानीय स्थलों को भी निखारा जा रहा है।

आस्था के सम्मान, विकास और रोजगार की चेन बना रही सरकार
मुख्यमंत्री ने अयोध्याधाम के पर्यटन विकास का  विस्तार से जिक्र करते हुए कहा कि 2017 के पहले सरकार का कोई भी प्रतिनिधि अयोध्या जाने से घबराता था। अयोध्या हमारी पहचान है और हम उसे वैश्विक पटल पर ले जाएंगे। उन्होंने कहा कि अयोध्या में भव्य दीपोत्सव की शुरुआत कर उसे दुनिया का वैश्विक आयोजन बनाया गया है। 2018 में दक्षिण कोरिया की प्रथम महिला भी यहां आईं। कहा कि काशी, मथुरा, वृंदावन, चित्रकूट जैसे स्थलों पर जब लाखों पर्यटक आएंगे तो यहीं का सामान खरीदेंगे। हम आस्था के सम्मान, विकास और रोजगार की चेन बना रहे हैं। यह कार्य परंपरा के साथ जुड़े स्थलों को आगे बढ़ाते हुए किया जा रहा है।

दूर हुआ तिरस्कार, अब रोजगार दे रहे मंदिर में चढ़े फूल
मुख्यमंत्री ने कहा कि काशी के मंदिरों में चढ़े फूल गंगाजी में फेंक दिए जाते थे। आस्था के इन फूलों का तिरस्कार होता था लेकिन अब यही चढ़ाए गए फूल रोजगार देने लगे हैं। उन्होंने कहा कि इन फूलों से चंदौली के नक्सल प्रभावित गांवों की स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाएं इत्र, धूप और अगरबत्ती बनाकर सम्मानजनक आजीविका कमा रही हैं। ऐसा प्रयोग हर जगह हो सकता है। फूलों के वेस्ट से कम्पोस्ट बनाकर कमाई के साथ ही खेतों की उर्वरता भी बढ़ाई जा सकती है।

 

पर्यटन स्थलों के विकास के साथ उन्हें स्वच्छ रखना भी जरूरी

सीएम योगी ने पर्यटन स्थलों के विकास के साथ ही उन्हें स्वच्छ रखने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्वच्छता की आवश्यकता को पूर्वी उत्तर प्रदेश से बेहतर और कौन समझ सकता है। स्वच्छता को बढ़ाकर ही हम इंसेफेलाइटिस पर नियंत्रण पाने में सफल हुए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सरकार ट्रांसपोर्ट और कनेक्टिविटी पर खास फोकस कर रही है। अयोध्याधाम के लिए हवाई सेवा की सुविधा पूरी दुनिया के लोगों को आकर्षित करेगी। हम कुशीनगर में अंतरराष्ट्रीय उड़ान को तैयार हैं। गोरखपुर में पहले से ही प्रमुख शहरों के लिए फ्लाइट की सुविधा है। चित्रकूट में हिल टॉप पर एयरपोर्ट बन रहा है। आजमगढ़, सोनभद्र, ललितपुर, श्रावस्ती आदि स्थानों पर भी एयरपोर्ट बन रहे हैं।

हर पर्यटन स्थल पर कुछ नयेपन का हो प्रयास
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के सभी 403 विधानसभा क्षेत्रों में मुख्यमंत्री पर्यटन संवर्धन योजना का लाभ मिलेगा। जिन स्थानों से समय पर प्रस्ताव नही मिले हैं, वहां के विधायकों से भी प्रस्ताव लेकर प्राथमिकता से कार्य कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि हर पर्यटन स्थल पर ब्रह्ममुहूर्त में संकीर्तन जैसा कुछ नयापन हो, इसका प्रयास जनप्रतिनिधियों को भी करना चाहिए।

उत्तर प्रदेश देश का सिरमौरः पर्यटन मंत्री
इस अवसर पर मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए प्रदेश के पर्यटन, संस्कृति एवं धर्मार्थ कार्य मंत्री डॉ नीलकंठ तिवारी ने प्रदेश सरकार के चार साल की उपलब्धियों की विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि आज उत्तर प्रदेश देश का सिरमौर और निवेशकों की पहली पसंद है। बटन दबाकर परियोजनाओं का शिलान्यास करने के साथ ही सीएम योगी आदित्यनाथ ने पर्यटन विकास और योजनाओं पर केंद्रित दो पुस्तिकाओं का विमोचन भी किया।

शिलान्यास समारोह में अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों के विधायक ऑनलाइन जुड़े जबकि गोरखपुर के एनेक्सी भवन में मुख्यमंत्री के साथ सांसद रविकिशन शुक्ल, राज्यसभा सदस्य जयप्रकाश निषाद, महापौर सीताराम जायसवाल नगर विधायक डॉ राधामोहन दास अग्रवाल, प्रमुख सचिव पर्यटन मुकेश मेश्राम आदि मौजूद रहे।

गोरखपुर जिले में यहां होंगे पयर्टन विकास के कार्य
कैम्पियरगंज विधायक फतेह बहादुर के प्रस्ताव पर 48.54 लाख की लागत से कैम्पियरगंज ब्लाक का सदाशिव मंदिर स्थल
पिपराइच विधायक महेंद्र पाल सिंह के प्रस्ताव पर 48.53 लाख की लागत से भटहट ब्लाक का बरगदही शिव स्थल
नगर विधायक डॉ राधा मोहन दास अग्रवाल के प्रस्ताव पर 48.09 लाख की लागत से झारखंडी महादेव मंदिर स्थल
ग्रामीण विधायक विपिन सिंह के प्रस्ताव पर 48.02 लाख की लागत से जंगल सिकरी में बान पोखर मॉ दुर्गा स्थल
सहजनवां विधायक शीतल पाण्डेय के प्रस्ताव पर 48.16 लाख की लागत से  पिपरौली ब्लाक सरजूपार में रामजानकी स्थल
खजनी विधायक संत प्रसाद के प्रस्ताव पर 48.01 की लागत से हरिहरपुर बनहवा कुटी
चौरीचौरा विधायक संगीता यादव के प्रस्ताव पर 47.09 लाख की लागत से मुण्डेराबाजार वार्ड 9 मोती मंदिर स्थल
बांसगांव विधायक डॉ विमलेश पासवान के प्रस्ताव पर 48.10 लाख की लागत से बांसगांव शिवमंदिर बसौली
चिल्लूपार विधायक विनय शंकर तिवारी के प्रस्ताव पर 47.98 लाख की लागत से गगहा पडौली समय माता भीटी।

 

मगहर में संत कबीर शोध पीठ की स्थापना

Most Popular